
गरियाबंद भूपेंद्र गोस्वामी आपकी आवाज
गरियाबंद पाण्डुका वन परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम फुलझर-घटारानी धाम के जंगलों में इन दिनों जंगली भालू और तेंदुए को रात्रिकालीन में सड़कों पर प्रहार करते हुए देखा जा सकता है। घटारानी के व्यापारी अपने दुकान बंद कर रात्रिकालीन 8 बजे घर लौटते हैं तभी सड़कों पर जंगली भालू और तेंदुए को आराम फरमाते हुए देखा जाता है। लेकिन अभी तक किसी प्रकार की अप्रिय घटना घटित होने के समाचार नहीं मिले हैं।
अभी हाल ही में घटारानी के जंगलों में तेंदुए ने एक मवेशी को अपना शिकार बनाया है। वहीं ग्राम फुलझर में तेंदुए ने पालतू पशु को अपना शिकार बनाया है। फुलझर वन रक्षक श्री राहुल श्रीवास ने कल्पतरु पोस्ट न्यूज़ को बताया अपने निरक्षण के दौरान मवेशी ऊपर तेंदुए का हमला करना सही पाया गया है।मवेशी मालिक को वन विभाग द्वारा क्षतिग्रस्त राशि प्रदान की जाएगी। हम आपको बताना चाहेंगे पाण्डुका वन परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम फुलझर-घटारानी के वनों में जंगली तेंदुए जंगली भालू जंगली सुअरों के संख्या में वृद्धि हुई है। इसलिए जंगली जानवर घटारानी के सड़कों पर हमेशा दिखलाई देता है।
टीप: यात्री गण सड़क को छोड़कर जंगलों की ओर ना जावे हिसंक पशुओं से दुरी बनाकर रखें रात्रि होने से पहले पर्यटन स्थल घटारानी से बाहर निकल जावे क्योंकि कभी भी अप्रिय घटनाएं घटित हो सकती है।




